निर्णय लेने का सुख : छद्म अहंकार ही है !
निर्णय लेने का सुख: जीवन में निर्णय तो लेने ही पड़ते हैं, या फिर ऐसे कहें कि आपको हर पल निर्णय लेने ही होते हैं, हाँ यह बात सत्य है ! किन्तु स्वयं के लिए लेने हों तो वह आपका पुरुषार्थ कहलाएगा और कहीं यह अपने से दूसरों के लिए जैसे परिवार, कुटुंब किसी समूह…


